का गुरु कहाँ जात हुआ; इन सब्दओं की मिठास जब तक मैं बनारस मैं था कभी नही समझ सका था यहाँ से भर निकलने का बाद yअहन की याब मुझे बर्बखत आती है nजब से बहार निकला यही सोचता हूँ की आख़िर बनारस main aakhir banaras सा अपना पण किसी और जगह पर महसूस क्यूँ नही होता*
क्या आप बता सकते हैं
आपका
banarasi
Saturday, June 27, 2009
Thursday, June 25, 2009
बनारसी भाइयों को मेरा नमस्कार
सभी बनारसी भाइयों को मेरा सप्रेम नमस्कार
इस ब्लॉग को कामयाब बनाने के लिए आप सभी के सहयोग की अपेक्षा करता हूँ और उम्मीद करता की आप अपना बहुमूल्य समय देने का कष्ट करेंगे
आपका भाई
पवन बनारसी
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